बच्चे की नजर का ऐसे लगाएं पता, डॉक्टर के पास जाने से पहले
Testing Your Child's Eyes at Home: आजकल बच्चे अधिकतर समय मोबाइल, टीवी और टैबलेट स्क्रीन के सामने बिताते हैं। यदि आपका बच्चा टीवी को एकदम पास जाकर देखता है तो ये उसकी आंखों की सेहत के लिए खतरे का संकेत हो सकता है। दरअसल, छोटे बच्चों की आंखें संवेदनशील होती हैं और लगातार स्क्रीन के करीब देखने से नेत्र तनाव, दृष्टि कम होना और आगे चलकर दूरदृष्टि या पासदृष्टि जैसी समस्याएं हो सकती हैं।
ऐसे में माता-पिता के लिए यह जरूरी है कि वे समय-समय पर अपने बच्चों की आंखों की जांच करें और आवश्यक सावधानियां अपनाएं। घर पर ही सरल तरीकों से आंखों की जांच की जा सकती है। इस खबर में हम आपको आसान और प्रभावी तरीके बताएंगे, जिनसे आप अपने बच्चों की आंखों की सेहत पर नजर रख सकते हैं।
बच्चों की आंखें घर पर चेक करने के आसान तरीके क्या हैं?
नजर जांचें
- घर पर ही किसी साफ कागज पर अक्षरों या नंबरों की लाइन बनाएं।
- बच्चे को 6 मीटर की दूरी पर खड़ा करें और देखें कि वह कौन-कौन से अक्षर सही पहचान सकता है।
- यदि बच्चा लगातार कुछ अक्षरों को नहीं पहचान पा रहा है, तो यह आंखों की कमजोरी का संकेत हो सकता है।
- ये तरीका नेत्र परीक्षण का सरल रूप है और शुरुआती जांच के लिए उपयोगी है।
लाइट रिफ्लेक्शन टेस्ट करें
- टॉर्च या मोबाइल की फ्लैश लाइट का इस्तेमाल करें।
- रोशनी को बच्चे की आंख में चमकाकर देखें कि दोनों आंखों में रोशनी समान रूप से परावर्तित हो रही है या नहीं।
- यदि एक आंख में अधिक या कम चमक दिखाई दे, तो ये आंख की समस्या का संकेत हो सकता है और विशेषज्ञ की सलाह लेना जरूरी है।
फोकस चेंज टेस्ट
- किसी छोटी वस्तु को धीरे-धीरे बच्चे की आंख के पास और दूर करें।
- ध्यान दें कि बच्चा उसे फोकस कर पा रहा है या नहीं।
- यदि बच्चा दूर की चीजें या पास की चीजें सही तरीके से फोकस नहीं कर पा रहा है, तो यह दृष्टि कमजोरी का संकेत हो सकता है।
दिक्कत है तो क्या करें?
सबसे पहले तो स्क्रीन टाइम लिमिट करें
- बच्चों को लगातार 1 घंटे से अधिक टीवी, मोबाइल या टैबलेट स्क्रीन के सामने न बैठने दें।
- लंबे समय तक स्क्रीन देखने से आंखों पर तनाव बढ़ता है और दृष्टि कमजोर हो सकती है।
रेस्ट रूटीन का ध्यान रखें
- स्क्रीन देखते समय बच्चे अक्सर कम पलक झपकाते हैं, जिससे आंख सूख सकती है।
- हर 20 मिनट के स्क्रीन टाइम के बाद 20 सेकंड के लिए आंखें बंद करने या दूर की चीजें देखने की आदत डालें।
- यह आंखों को आराम देता है और स्ट्रेस कम करता है।


Bengal Elections 2026: AIMIM ने जारी की 12 प्रत्याशियों की सूची, देखें किसे कहां से टिकट मिला
राघव चड्ढा का दावा: “मैं खामोश करवाया गया हूं, पर हारा नहीं हूं”
देसी और हाइब्रिड खीरे में क्या अंतर, कौन ज्यादा फायदेमंद
रीवा से मुंबई के लिए रोज चलेगी स्पेशल ट्रेन